उत्तरप्रदेश मे राजधानी लखनऊ के ईको गार्डन मे दो दिवसीय आंगनवाड़ी धरने का समापन हो गया। इस धरने मे प्रदेश के अलग अलग संगठनों द्वारा संयुक्त मोर्चा के बैनर तले प्रतिभाग किया गया। आंगनबाड़ी अधिकार संयुक्त मोर्चा के आह्वान पर लखनऊ में हजारो की संख्या में जुटीं आंगनबाड़ी वर्करो ने 6 सूत्रीय मांगो को लेकर धरना दिया। जिसमे एजुकेटर भर्ती को तत्काल प्रभाव से रद्द करने की मांग रखी गयी।
आंगनबाड़ी अधिकार संयुक्त मोर्चा की संयोजक सरिता सिंह और सह संयोजक प्रभावती देवी ने एजुकेटर भर्ती को रद्द करने की मांग करते हुए कहा कि आंगनबाड़ी केंद्रों पर आंगनबाड़ी कार्यकत्री पहले से ही एजुकेटर का कार्य कर रही हैं। उन्हे बच्चो को पढ़ाने का वर्षो से अनुभव है इसीलिए केन्द्रो पर अतिरिक्त एजुकेटर नियुक्त करने का कोई औचित्य नहीं है।
दो दिवसीय धरने के बाद संयुक्त मोर्चा के पदाधिकारियों को शासन से वार्ता के लिए बुलाया गया जिसमे इनकी वार्ता अपर निदेशक (वित्त) अमर सिंह और बाल विकास विभाग की निदेशक सरनीत ब्रोका से कराई गयी।
इस वार्ता के अनुसार संयुक्त मोर्चा के पदाधिकारियों के मांग पत्र के बिन्दुओ के आधार पर शासन स्तर से संतुष्ट किया जिसमे कुछ समस्या अलग विभाग की होने से सहमति नहीं बन सकी जबकि कुछ बिन्दुओ पर अधिकारियों द्वारा समस्या हल करने का आश्वासन दिया गया है।
ज्ञापन के विभिन्न बिन्दुओं पर निदेशक महोदया से चर्चा करने के उपरान्त आंगनवाड़ी अधिकार संयुक्त मोर्चा उत्तर प्रदेश के सदस्यों को यह आश्वासन दिया गया कि उनके द्वारा उठायी गयी मांगो पर सहानुभूति पूर्वक विचार किया जायेगा तथा उनकी समस्याओं एव अपेक्षाओ जैसे एजूकेटर भर्ती हेतु प्राथमिकता दिया जाना तथा अर्हताओं में शिथिलीकरण किया जायेगा।
आंगनवाड़ी अधिकार संयुक्त मोर्चा द्वारा 6 सूत्रीय मांगो पर निदेशक महोदया ने बिन्दुवार समाधान करने को कहा जिसमे निम्न मांगो पर निदेशक महोदया ने कार्य वृत्त जारी करते हुए धरने का समापन करने को कहा।
मोर्चा द्वारा 6 मांगो को लेकर समाधान का दिया आश्वासन
पहली मांग एजुकेटर भर्ती निरस्त करने की मांग पर निदेशक महोदया ने कहा ये भर्ती केंद्र सरकार के आदेश पर पूरे देश मे हो रही है साथ ही ये भर्ती अन्य विभाग द्वारा की जा रही है इसीलिए इसका समाधान मुख्यमंत्री स्तर से होगा।
दूसरी मांग आंगनवाड़ी के मानदेय बढ़ोत्तरी की मांग भी मुख्यमंत्री स्तर की है इसीलिए इसका समाधान भी सरकार करेगी।
तीसरी मांग पोषाहार वितरण मे पार्षद ,समूह की मध्यस्था का समाधान निकालने पर कार्य चल रहा है इस सम्बंध मे जल्द हल निकाल लिया जाएगा।
चौथी मांग मिनी आंगनवाड़ी केन्द्रो को पूर्ण केन्द्रो मे समायोजित करने के लिए बाल विकास विभाग केंद्र सरकार द्वारा आदेश जारी हो चुका है। प्रदेश की मिनी आंगनवाड़ी वर्करो को पूर्ण कार्यकत्री बनाने के लिए फाइल शासन को भेजी गयी है अब शासन स्तर से लंबित है।
पाँचवी मांग आंगनवाड़ी वर्करो को ग्रेजुवेटी देने के लिए सुप्रीम कोर्ट के आदेश का अवलोकन किया जा रहा है शासन द्वारा बजट तैयार कर उचित धनराशि दी जायेगी।
छठी मांग आंगनवाड़ी कार्यकत्री से मुख्य सेविका के पद पर पदोन्नति की आयु सीमा बढ़ाने के लिए शासन स्तर से वार्ता कर समाधान निकाला जायेगा।

